हरियाणा के अंबाला में मंत्री अनिल विज के दखल के बाद भी अंबाला कैंट के वार हीरोज़ मेमोरियल स्टेडियम में बना आल वैदर स्वीमिंग पूल आम जनता के लिए खुल ही नहीं रहा।
खेल विभाग के मुख्यालय से अस्थायी स्टाफ रखने की अनुमति मिल गई लेकिन अब स्टाफ नहीं मिल रहा है। इसका कारण डेढ़ माह के लिए कोई भी आने को तैयार नहीं है। जल्द खोला जाएगा पूल अब विभाग इसी इंतजार में है कि टेंडर प्रक्रिया पूरी हो पूल को आम जनता के लिए खोला जाए। लेकिन अभी तो तैराकी की शौकीनों को निजी पूल पर चार हजार रुपये महीना फीस देनी पड़ रही है। अब देखना है कि पूल कब तक आम जनता के लिए खोला जाएगा। इसलिए हुई थी देरी अप्रैल माह में स्वीमिंग पूल का टेंडर समाप्त हो गया था, जिसके बाद टेंडर बढ़ाने या फिर नया करने के लिए डीसी के पास फाइल भेजी गई थी। डीसी ने इस बारे में खेल विभाग के मुख्यालय से लिखित में इस बारे में मांगा था। जिला खेल विभाग की ओर से मुख्यालय को लेटर भेजा गया, लेकिन वहां से दो माह तक कोई हलचल नहीं हुई। इसके बाद मामला परिवहन मंत्री अनिल विज और खेल मंत्री गौरव गौतम तक पहुंचा, जिसके बाद उम्मीद बंधी थी कि पूल चल जाएगा। लेकिन बाद में अस्थायी स्टाफ रखने के लिए डीसी के पास फाइल भेजी, लेकिन फिर से मुख्यालय से अनुमति लेने की बात कही गई। मुख्यालय से अनुमति मिल गई, जिसके बाद मानदेय तय करने को लेकर कई दिन निकल गए। अब सब कुछ फाइनल हो चुका है, जबकि अस्थायी स्टाफ रखने के साथ ही इस पूल को आम जनता के लिए खोल दिया जाएगा। 10 का अस्थायी स्टाफ रखने की मिली अनुमति खेल विभाग द्वारा आल वैदर स्वीमिंग पूल को आम जनता के लिए चलाने हेतु 10 लोगों का अस्थायी स्टाफ रखना था। चार लाइफ गार्ड, दो स्वीपर, एक प्लांट आपरेटर, एक इलेक्ट्रीशियन, दो सिक्योरिटी गार्ड रखे जाने थे। अब अस्थायी स्टाफ रखे बिना पूल को नहीं चलाया जा सकेगा। टेंडर प्रक्रिया अभी जारी है, लेकिन तीन माह तक इस स्टाफ को रखने की अनुमति मिली थी।
मंत्री के दखल के बाद भी शुरू नहीं हुआ पूल:अंबाला का ऑल वेदर स्विमिंग पूल स्टाफ के इंतजार में बंद
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