हिसार जिले के हांसी के नजदीकी गांव ढाणा खुर्द में मंगलवार रात हुई मूसलाधार बारिश ने एक गरीब मजदूर परिवार का सहारा छीन लिया। गांव के मजदूर सत्यवान का मकान अचानक बारिश के दबाव में गिर गया। हादसा इतना भीषण था कि पूरा मकान मलबे में तब्दील हो गया। हालांकि, गनीमत रही कि हादसे में किसी की जान नहीं गई। मकान के बाकी हिस्से में आई दरारें जानकारी के अनुसार सत्यवान ने बताया कि वह और उसकी पत्नी रोजाना मजदूरी करके परिवार का गुजारा करते हैं। उनकी दो बेटियां हैं और करीब पांच साल पहले बड़ी मुश्किल से मेहनत करके इस मकान का निर्माण किया था, लेकिन अब बारिश के कारण यह मकान जमींदोज हो गया। परिवार के मुताबिक, घर में रखा जरूरी घरेलू सामान, बर्तन, बिस्तर व अनाज का अधिकांश हिस्सा मलबे में दबकर खराब हो गया। वहीं मकान के बाकी हिस्से में भी दरारें आ गई हैं, जिससे उनका वहां रहना पूरी तरह असंभव हो गया है। परिवार ने बाहर निकल बचाई अपनी जान सत्यवान ने बताया कि बारिश और तूफान के दौरान परिवार ने किसी तरह घर से बाहर निकलकर अपनी जान बचाई। अगर परिवार कुछ मिनट और घर के अंदर रहता, तो बड़ा हादसा हो सकता था। अब परिवार खुले आसमान के नीचे रहने को मजबूर है। सत्यवान के परिवार ने रात पड़ोसी के घर में बिताई थी। सरकार-प्रशासन से मांगी मदद परिवार ने सरकार और प्रशासन से तुरंत मदद की मांग की है। सत्यवान का कहना है कि मजदूरी करके परिवार का खर्च चलाना ही मुश्किल होता है, ऐसे में नया घर बनाने की हिम्मत या साधन नहीं हैं। उन्होंने प्रशासन से आवास योजना या आर्थिक सहायता प्रदान करने की गुहार लगाई है, ताकि वे दोबारा सिर पर छत बना सकें।
हांसी में 5 साल पहले बना मकान ढहा:मूसलाधार बारिश ने छीना परिवार का सहारा, मलबे में दबा सारा सामान
13