मुख्यमंत्री की यह टिप्पणी पिछले महीने हुए निकाय चुनावों के बाद भाजपा की कुछ इकाइयों द्वारा नगरपालिका परिषदों में प्रतिद्वंद्वी दलों के साथ चुनाव बाद की व्यवस्था करने के बाद आई है।